जरा हटके

डा सुरेश मेहरोत्रा

हर साल के पहले महीने में पांच लाख रूपये की मदद करते हैं सम्पादक जी

पैसा कमाना बड़ी बात नहीं है। बड़ी बात है पैसे का उपयोग। भोपाल के वरिष्ठ पत्रकार डॉ सुरेश मेहरोत्रा 72 वर्ष की उम्र में जो नेक कार्य़ कर रहे हैं वो आदर्श है।  पढ़िए पूरी दास्तान एबीपी न्यूज भोपाल की विशेष संवाददाता ब्रजेश राजपूत की कलम सेः-   हमारे डाक साब को सलाम... मानो या मानो की तर्ज पर आपको मैं जो बताने जा रहा हूं उस पर भरोसा करना या ना करना आपके ऊपर है, हमारे भोपाल के पैंतालीस बंगले इलाके में रहते हैं डा सुरेश मेहरोत्रा, उम्र है 72 साल, वरिष्ठ पत्रकार हैं अपने शुरूआती दिनों में हिंदी और अंग्रेजी के कई अखबारों में संपादकी करने के बाद... Read more
अटल बिहारी बाजपेयी

अटल जी मैं आपकी मृत्यु की कामना करता हूं

[caption id="attachment_2579" align="alignleft" width="300"] अटल जी की कुछ वर्ष पुरानी अंतिम तस्वीर जो उपलब्ध है। इसके बाद अटल जी की कोई तस्वीर सार्वजनिक नहीं हुई।[/caption] ... अटल जी आप मेरे पसंदीदा राजनेता ही नहीं बल्कि मेरे और आपके कर्मक्षेत्र व गृहक्षेत्र भी एक हैं। मेरा आपका नाता भी एक ही विधा से है। आप ग्वालियर में पले बढ़े औऱ लढ़े। मैंने भी प्रारंभिक शिक्षा से लेकर के पत्रकारिता की शुरूआत ग्वालियर से ही की। आप कानपुर पहुंचे। कालांतर में मैं भी शिक्षा लेने कानपुर पहुंचा। आपने पत्रकारिता को चुना और दिल खोलकर कविताएं लिखीं। मैंने भी पत्रकारिता को चुना और दिल खोलकर कविताएं लिखीं। परिस्थितियों के अनुरूप आप राजनीति में... Read more
गीताप्रेस

गीता प्रेस की कल्याण पत्रिका के बंडल के नीचे क्रांतिकारियों के शस्त्र छुपाये जाते थे

गीताप्रेस भी खूब लड़ा है अंग्रेजों से  ............. आज से लगभग छः महीना पहले मैंने BBC में गीताप्रेस पर एक लेख पढ़ा था।लेख में यह कुतर्क गढ़ा गया था कि किस तरह गीताप्रेस नामक छापाखाना हिंदू भारत बनाने के मिशन पर काम कर रहा है। उसके बाद मैंने एक और -"गीताप्रेस का महिलाओं पर तालिबानी सोंच"- शीर्षक से एक लेख पढ़ा । दोनों लेख पढ़कर मेरे दिमाग की घंटी बज उठी थी। आखिर BBC गीताप्रेस जैसे विशुद्ध धार्मिक प्रेस का विरोध क्यों कर रही है। अवश्य ही इसके पीछे कोई न कोई रहस्य छिपा हुआ है क्योंकि BBC भारत में उसी का विरोध करता आया है जो अंग्रेजी सत्ता के... Read more
26/11 mumbai attack

26/11 मुंबई हमलाः फ्रंट पेज की खबर थी पर पत्रकार खुश नहीं थे

[caption id="attachment_2482" align="alignleft" width="149"] दैनिक भास्कर संवाददाता विनोद यादव[/caption] 26 नवम्बर 2008 वो दिन जो भारतीय इतिहास में एक मनहूस दिन की तरह दर्ज हो गया। पाकिस्तानी आतंकियों ने मुंबई ब्लास्ट को अंजाम दिया। आज मुंबई हमले की बरसी है। उस दिन किस तरह के संशय और तैयारी में जुटे थे मुंबई के पत्रकार। किस तरह वो रात गुजरी जब खबर के नाम पर पहले पेज की खबर थी पर पहले पेज की खुशी जैसी की हमेशा होती है वैसा कुछ नहीं था। क्यों क्योंकि ये खबर नहीं देश पर हमला था। दुख की एक घड़ी थी। पूरा वाकया बता रहे दैनिक भास्कर मुंबई के वरिष्ठ संवाददाता विनोद यादवः   ... Read more
उदय प्रकाश, कवि, कथाकार

साहित्यकार उदय प्रकाश बता रहे हैं वो विदेशों में इतना ज्यादा क्यों घूमते हैं

कवि, कथाकार औऱ फिल्मकार उदय प्रकाश जी बता रहे हैं उनके विदेश में प्रवास का कारण, उदय जी भारत के प्रसिद्ध साहित्यकार हैं। कई विदेशी भाषाओं में उनकी रचनाओं का अनुवाद हो चुका है। गाजियाबाद रहते हैं।    उदय जी की कलम सेः  जब भी मैं देश से बाहर जाता हूँ , अक्सर जाता ही रहता हूँ एक बात बोलनी है। ऐसा क्यों है कि जब भी मैं देश से बाहर जाता हूँ , अक्सर जाता ही रहता हूँ , तो दोस्त लोग कहते हैं कि मैं जर्मनी गया हूँ. जितना जर्मनी जाता हूँ, उतना ही अमेरिका भी जाता हूँ. दूसरे देशों को भी लगातार जाता ही रहता हूँ. जिन-जिन भाषाओं... Read more
रानी पद्मावती की पेंटिंग

दैनिक भास्कर सम्पादक ने लिखा रानी पद्मावती के नाम भावुक पत्र

प्रिय पद्मावती, सादर प्रणाम। संभवत: सात सौ साल बाद ये पहला ही पत्र है, जो किसी ने आपको लिखा होगा। संजय लीला भंसाली नाम के एक कारीगर हैं। वे फिल्में बनाते हैं। इतिहास के किरदारों पर उम्दा फिल्में बनाई हैं। इस बार आप पर उनकी फिल्म आने वाली है। इसके बहाने आप बहस का विषय बन गई हैं। दो बातें आपसे करने का मन हुआ। कभी सोचता हूं कि जब आप श्रीलंका से चित्तौड़ आईं होंगी तो भारत के बारे में क्या सपने आपकी आंखों में रहे होंगे। भारत का परिचय आपको गौतम बुद्ध से ही रहा होगा। समृद्धि और शांति का मुल्क, जहां से तथागत का विचार आज से 23... Read more
माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय के छात्र ऋशिकांत मिश्र।

पत्रकारिता के छात्र का दर्दः तो क्यों करें युवा पत्रकारिता की पढ़ाई

माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय के छात्र ऋशिकांत मिश्रा ने बड़ा गंभीर सवाल उठाया है। दरअसल रिशिकांत का सवाल सिर्फ उनका सवाल नहीं है ये सवाल पत्रकारिता के सैकड़ों हजारों छात्रों का है। वाकई ये बड़ी जटिल स्थिति है जब कोई युवा पत्रकारिता की पढ़ाई कर रहा है या नया नया इस पेशे में है तब वरिष्ठ सहयोगी पत्रकार उसे हतोत्साहित करें। तो क्या गुजरेगी उस छात्र पर जो बहुत सपने और रोजी रोटी के लिए इस पेशे में आय़ा है।  ये सच है कि पत्रकारिता में उतना पैसा और सुरक्षित भविष्य नहीं है जैसे अन्य क्षेत्रों में होता है। पर ऋशिकांत जो सवाल उठा रहे हैं वो भी अपनी जगह... Read more
पैराडाइज पेपर्स के लिए इंडियन एक्सप्रेस दिल्ली की ओर से काम करने वाले श्यामलाल यादव। ये तस्वीर उस वक्त की है जब श्यामलाल अपनी हालिया किताब को वरिष्ठ पत्रकार प्रभु चावला को भेंट करने गए।

कैसे किया पैराडाइज पेपर्स पर काम, बता रहा रिपोर्टर

मीडिया मिरर न्यूज, दिल्लीः पैराडाइज पेपर्स का खुलासा 5 नवम्बर की रात इंडियन एक्सप्रेस अखबार ने किया। जिससे देशभर में तहलका मच गया। जिस अंतरराष्ट्रीय खोजी पत्रकार संघ ने पैराडाइज पेपर्स पर काम किया उसमें भारत से इंडियन एक्सप्रेस के पत्रकार भी जुड़े थे। एक्सप्रेस के 5 पत्रकार रितु सरीन, संदीप सिंह, श्यामलाल यादव, जय मजूदमदार, पी वैद्यनाथ इस रिपोर्ट पर काम कर रहे थे। कैसे किया पैराडाइज पेपर्स पर काम, बता रहे श्यामलाल यादव  Dear All, We were on this job since over 10 months. This Paradise Papers leak broken last night was the biggest ever investigation in the history of Investigative journalism. You can imagine that total files... Read more
सिर पर पल्लू तो ले लें ! 

फोटोग्राफर के कहने पर इंदिरा जी ने पल्लू सिर पर लिया था

[caption id="attachment_2316" align="alignleft" width="300"] पंजाब विकास विभाग के फ़ोटोग्राफ़र शमशेर बहादुर दुर्गा[/caption] तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी दिल्ली से शिमला जा रही थीं । पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ज़ुल्फ़िक़ार अली भुट्टो से बातचीत के लिए । उस समय चंड़ीगढ़ में रूकी थीं - आगे सेना के हेलिकॉप्टर से जाना था । इसी दौरान चंडीगढ़ के तत्कालीन कमिश्नर मोहिन्दर सिंह रंधावा ने पंजाब विकास विभाग के फ़ोटोग्राफ़र शमशेर बहादुर दुर्गा को इंदिरा गांधी से मिलवाया । दुर्गा ने कहा - ''मैडम, कृपया फ़ोटो के लिए साड़ी का पल्लू सर पर रख लें ।'' इंदिरा जी ने मुस्कुराते हुए साड़ी का पल्लू सिर पर रख लिया और हेलिकॉप्टर में बैठ कर जाने तक रखा... Read more
जीडी बिड़ला पर लिखी किताब पर बिड़ला जी की तस्वीर

इतिहास के सर्वश्रेष्ठ पत्रों में से एक बिड़ला का पत्र बेटे को

घनश्यामदास जी बिड़ला (GD Birla) का अपने पुत्र बसंत कुमार जी बिड़ला (BK Birla) के नाम 1934 में लिखित एक अत्यंत प्रेरक पत्र जो हर एक को जरूर पढ़ना चाहिए - चि. बसंत..... यह जो लिखता हूँ उसे बड़े होकर और बूढ़े होकर भी पढ़ना, अपने अनुभव की बात कहता हूँ। संसार में मनुष्य जन्म दुर्लभ है और मनुष्य जन्म पाकर जिसने शरीर का दुरुपयोग किया, वह पशु है। तुम्हारे पास धन है, तन्दुरुस्ती है, अच्छे साधन हैं, उनको सेवा के लिए उपयोग किया, तब तो साधन सफल है अन्यथा वे शैतान के औजार हैं। तुम इन बातों को ध्यान में रखना। धन का मौज-शौक में कभी उपयोग न करना, ऐसा... Read more