बात-मुलाकात

एनबीटी

मुंबई के फिल्म जर्नलिस्ट की जिंदगी उतनी ग्लैमरस ‌नहीं जितनी दिखती है

मीडिया मिरर की साक्षात्कार श्रृंखला बात-मुलाकात में इस बार हमारे विशेष अतिथि हैं मुंबई के वरिष्ठ पत्रकार विमल मिश्र।  विमल जी ने आज अखबार से पत्रकारिता की शुरुआत की और आजीवन नवभारत टाइम्स मुंबई में सेवाएं दीं। हाल ही में वो मुंबई एनबीटी से सेवानिवृत्त हुए हैं। बहुत ही सरल औऱ सहज मिश्र जी पत्रकारिता का ज्ञानकोष हैं। प्रस्तुत है मीडिया मिरर सम्पादक प्रशांत राजावत के साथ उनकी बातचीत।    प्र. नवभारत टाइम्स, मुंबई से आप हाल ही में सेवानिवृत्त हुए हैं। सबसे पहले पत्रकारिता जगत में एक खूबसूरत पारी के लिए बधाई। थोड़ा हमारे पाठकों को बताएं अपने बारे में। पत्रकारिता की शुरुआत कहां से की। कुछ घर-परिवार के बारे... Read more
पी साईंनाथ

किसान का सवाल अर्थतंत्र ही नहीं हमारी नैतिकता पर भी बड़ा प्रश्नचिन्ह है

29 और 30 नवंबर को देशभर के किसान दिल्ली में जमा हो कर संसद तक मार्च करेंगे और कृषि संकट के सवाल पर तीन सप्ताह का विशेष संयुक्त संसदीय सत्र बुलाने की मांग करेंगे. किसान मुक्ति मार्च नाम के जुलूस का आयोजन अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति कर रही है. जून 2018 में गठित यह समिति 130 किसान संगठनों का फोरम है. इस दो दिवसीय आयोजन में एक लाख से अधिक किसानों के अलावा मिडिल क्लास की भागीदारी की आशा है. दशकों से भारतीय किसान कर्ज, सूखा और अत्महत्या की मार झेल रहा है. 2004 में सरकार ने एमएस स्वामीनाथन की अध्यक्षता में राष्ट्रीय किसान आयोग का गठन किया... Read more
नामवर सिंह

जैसे हम हैं, वैसे ही रहें: नामवर सिंह

नामवर सिंह उन साहित्यकारों में से हैं, जो लिखित के साथ-साथ वाचिक परंपरा में भी आते हैं। इस दृष्टि से वे देश के साहित्यालोचकों में अकेले हैं, जिन्होंने अपने व्याख्यानों से हिंदी क्षेत्र में आलोचनात्मक विवेक का प्रसार किया है। साथ ही हिंदी आलोचना को नई दृष्टि दी। वे वाद-विवाद और संवाद के लिए जाने जाते हैं। नामवर सिंह ने अपने जीवन के साथ-साथ साहित्य, समाज और राजनीति पर बेबाक तरीके से राय व्यक्त की है। यह बातचीत संजीव कुमार और ज्ञानेन्द्र कुमार संतोष ने की है। पढ़ें पूरी बातचीत-   सवाल- अपने आरंभिक साहित्यिक जीवन के बारे में बताएं? जवाब- बात उन दिनों की है जब मैं उदय प्रताप कॉलेज में इंटरमीडिएट की... Read more
गोपालदास नीरज

मृत्यु अंत नहीं है जीवन का, इट इज अनअदर गेट ऑफ अनअदर लाइफः गोपालदास नीरज

गोपालदास नीरज अब स्मृतियों में शेष हैं। वो किसी परिचय के मोहताज नहीं। वरिष्ठ पत्रकार मनोज सिंह कहते हैं कि वो रोमांस, प्रेरणा और अदम्य विद्रोह के गीतकार थे। शोखियों में घोला जाए फूलों का शबाब, अबकी सावन में शरारत मेरे साथ हुई के रचयिता नीरज जी का कल एम्स दिल्ली में 93 वर्ष की आयु में निधन हो गया।  मिरर श्रद्धांजलि स्वरूप उनका ये साक्षात्कार आपके लिए प्रस्तुत कर रहा है। उल्लेखनीय है ये साक्षात्कार देवेश वशिष्ठ खबरी ने साहित्य शिल्पी के लिए किया था। [caption id="attachment_3605" align="alignleft" width="300"] गोपालदास नीरज और देवआनंद[/caption] नीरज जी, कुछ लोगों ने आपको हिंदी का अश्वघोष कहा,दिनकर ने हिंदी की वीणा कहा। भाषाभाषियों... Read more
कर्मवीर

वर्तमान दौर पत्रकारिता का संक्रमण काल हैः डॉ.राकेश पाठक

मीडिया मिरर की साक्षात्कार श्रृंखला बात-मुलाकात में इस बार हमारे विशेष अतिथि हैं कर्मवीर न्यूज़ पोर्टल के प्रधान सम्पादक डॉ. राकेश पाठक जी। श्री पाठक मध्यप्रदेश ग्वालियर से हैं। पूर्व में नवभारत, नवप्रभात, नई दुनिया, प्रदेश टुडे व डेटलाइन इंडिया के सम्पादक रह चुके हैं। श्री पाठक की गिनती मध्यप्रदेश के मूर्धन्य सम्पादकों में होती है। मीडिया मिरर सम्पादक प्रशांत राजावत से उन्होंने निजी व पेशेवर जीवन से जुड़ी लम्बी बातचीत की।    प्रस्तुत हैं उनसे हुई बातचीतः-   सवालः प्रणाम सर।  सबसे पहले आपको शुभकामनाएं माखनलाल चतुर्वेदी की विरासत कर्मवीर की जिम्मेदारी के लिए। सबसे पहले यही बताएं कि अचानक से कैसे कर्मवीर को पुनः जिंदा करने की योजना बनी।... Read more
नुज खरे।

डिजिटल की अच्छी समझ के लिए तीन ‘T’ पर कमांड जरूरीः अनुज खरे

[caption id="attachment_2452" align="alignleft" width="243"]  अनुज खरे, साथ हैं शाहरुख खान।[/caption] मीडिया मिरर की साक्षात्कार श्रृंखला बात-मुलाकात में इस बार हमारे अतिथि हैं दैनिक भास्कर डॉट कॉम के सम्पादक अनुज खरे। अनुज खरे पत्रकार के साथ साथ व्यंगकार भी हैं। व्यंग पर 3 किताबें लिख चुके हैं। अभी एकदम ताजा उनकी किताब है बातें-बेमतलब। व्यंग लिखते हैं निश्चित ही मजेदार इंसान हैं पर संजीदा भी। दैनिक भास्कर डॉट कॉम में काम कर रहे आदित्य मिश्रा का कहना है कि उन्हें खुशी है की वो अनुज खरे की टीम का हिस्सा हैं। आदित्य कहते हैं कि 7 साल की पत्रकारिता में इतना बेहतर सम्पादक नहीं देखा। बेहतर से आशय पेशेवर व निजी... Read more
पत्रिका छत्तीसगढ़ के ब्यूरो प्रमुख राजकुमार सोनी

छत्तीसगढ़ में पत्रकार व पत्रकारिता दोनो संकट मेंः राजकुमार सोनी 

मीडिया मिरर की साक्षात्कार श्रंखला बात मुलाकात में इस बार हमारे अतिथि हैं  छत्तीसगढ़ राजस्थान पत्रिका अखबार के स्टेट ब्यूरो हेड राजकुमार सोनी। श्री सोनी से मीडिया मिरर ने लम्बी बातचीत की। छत्तीसगढ़ में पत्रकारिता की चुनौतियां, पुलिस और नक्सलियों के बीच पत्रकारों के सामंजस्य आदि प्रमुख मुद्दों पर बातचीत हुई।    मीडिया मिरर सम्पादक प्रशांत राजावत के सवाल पत्रिका के स्टेट ब्यूरो हेड राजकुमार सोनी के जवाब   सवालः आपकी तीन नई किताबें आ रही हैं। उनके बारे में कुछ बताइए। किस विषय पर हैं ये किताबें। खासतौर पर लाल गलियारे से और बदनाम गली के बारे में बताइए। बड़े दिलचस्प नाम हैं। जवाब- जी... वर्ष २०१८ में तीन किताबें... Read more
मुनव्वर राणा

ख़राब खाना, ख़राब शायरी और ख़राब आदमी मैं टालरेट नहीं कर सकताः मुनव्वर राणा

कुलदीप मिश्र और मुनव्वर राणा की खास बातचीत   दावर-ए-हश्र तुझे मेरी इबादत की कसम ये मेरा नाम-ए-आमाल इज़ाफी होगा नेकियां गिनने की नौबत ही नहीं आएगी मैंने जो मां पर लिक्खा है, वही काफी होगा मां और तमाम मुक़द्दस रिश्तों पर सबसे मकबूल शेर कहने वाले मुनव्वर राना आज 62 साल के हो गए. रायबरेली में जन्मे और अब लखनऊ में रहने वाले मुनव्वर से नाचीज की मुलाकात 23 सितंबर 2012 को अंबाला में हुई थी. उनके जन्मदिन पर उन्हें उनकी गजलों के साथ इस इंटरव्यू से भी जानिए, क्योंकि न मैं कंघी बनाता हूं न मैं चोटी बनाता हूं ग़ज़ल में आपबीती को मैं जगबीती बनाता हूं ग़ज़ल... Read more
युवा लेखक और पत्रकार सुशोभित सक्तावत।

मेरा काफ़ी समय सोचने में ही बीत जाता हैः सुशोभित सक्तावत

[caption id="attachment_2436" align="alignleft" width="300"] सुशोभित के साथ अभिनेत्री दीप्ति नवल।[/caption] मीडिया मिरर की साक्षात्कार श्रंखला बात-मुलाकात में इस बार हमारे अतिथि हैं  इंदौर के युवा लेखक और पत्रकार सुशोभित सक्तावत। सुशोभित फेसबुक का चर्चित नाम हैं। इसके साथ ही अभिनेत्री दीप्ति नवल की आत्मकथा के सम्पादक भी हैं। आत्मकथा अंग्रेजी भाषा में प्रकाशित होगी। हाल ही में सुशोभित तब चर्चा में आए जब इनके आलेख के अंश साहित्यिक चोरी के अंतर्गत प्रसिद्ध पत्रिका हंस में पाए गए।  सुशोभित माइकल जैक्सन की जीवनी लिख चुके हैं। सत्यजीत रॉय पर किताब लिख चुके हैं। पर दोनों किताबें अप्रकाशित हैं। वो कहते किताबों का प्रकाशन बहुधा अपने हाथ में नहीं होता। सुशोभित फिलवक्त... Read more
मुख संजय कुमार सिंह।

पत्रकारिता योग्य लोगों को डिजर्व नहीं करतीः संजय सिंह

मीडिया मिरर की साक्षात्कार श्रंखला बात मुलाकात में इस बार हमारे अतिथि हैं वरिष्ठ पत्रकार व अनुवाद कम्युनिकेशन के संस्थापक संजय कुमार सिंह। संजय जी प्रभात खबर, आज और लम्बे समय तक जनसत्ता दिल्ली का हिस्सा रहे। फिलहाल पत्रकारिता से दूर हैं अपनी अनुवाद संस्था चलाते हैं। मूलरूप से जमशेदपुर से हैं अभी दिल्ली से सटे गाजियाबाद में रहते हैं। संजय जी ने हाल ही में अपने पत्रकारिता अनुभवों पर आधारित किताब लिखी है, उनका कहना है ये किताब पत्रकारिता के छात्रों को जरूर पढ़नी चाहिए।   संजय कुमार सिंह से मीडिया मिरर सम्पादक प्रशांत राजावत की विशेष बातचीतः-     सवालःआपने हाल ही में पत्रकारिता पर किताब लिखी है सबसे... Read more